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आगामी तेल एवं गैस संरक्षण पखवाड़ा (OGCF) - 2015 के की नई गतिविधियों के लिए अपने सुझाव दें

Give suggestions for new activities under forthcoming Oil & Gas Conservation Fortnight (OGCF) – 2015
आरंभ करने की तिथि :
Jan 01, 2015
अंतिम तिथि :
Dec 21, 2014
04:15 AM IST (GMT +5.30 Hrs)
प्रस्तुतियाँ समाप्त हो चुके

तेल और गैस ऊर्जा के प्राथमिक संसाधन है, जो देश में ऊर्जा की 40% मांग को ...

तेल और गैस ऊर्जा के प्राथमिक संसाधन है, जो देश में ऊर्जा की 40% मांग को पूरा करते हैं। अर्थव्यवस्था के प्रमुख क्षेत्र जैसे- परिवहन, उद्योग, वाणिज्यिक, भवन और कृषि में , तेल और गैस का उपयोग किया जाता हैं। वर्तमान में हमारे देश में 75% कच्चे तेल का आयात, घरेलू खपत के लिए किया जा रहा है। पेट्रोलियम उत्पादों के विवेकपूर्ण उपयोग के बारे में उपभोक्ताओं के बीच जागरूकता पैदा करने के लिए यह एक राष्ट्रीय पहल है। दैनिक उपभोक्ताओं द्वारा ईंधन के सरल संरक्षण के उपायों को अपनाकर , दैनिक जीवन में ईंधन की बर्बादी को कम किया जा सकता है और पर्याप्त लागत बचाई जा सकती है।

देश भर में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस में पेट्रोलियम उत्पादों और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 1991 से एमओपी और एनजी द्वारा प्रत्येक वर्ष तेल संरक्षण सप्ताह (ओसीडब्लू) देश भर में मनाने की पहल की गई । अभियान, की भारी सफलता देखते हुए वर्ष 2004 से इस आयोजन को "तेल एवं गैस संरक्षण पखवाड़ा” (OGCF) के रूप में मनाया जा रहा है। देश में पेट्रोलियम उत्पादों के संरक्षण के महत्व के बारे में आम जनता के बीच जागरूकता फैलाने के लिए सभी तेल और गैस कंपनियों, राज्य सरकार परिवहन निगम, गैर सरकारी संगठन की भागीदारी के साथ, देश में पट्रोलियम उत्पादों के संरक्षण के महत्व के बारे में लोगों को जागरूकता प्रदान करने वाला यह देशव्यापी अभियान अंततः एक प्रभावी माध्यम बन गया है।

इस 15 दिन की अवधि के दौरान, तकनीकी सेमिनार, विचार-गोष्ठी, प्रश्नोत्तरी, चित्रकला प्रतियोगिता, जन/साइकिल रैलिया, मैराथन, मानव श्रृंखला, इत्यादि गतिविधियों द्वारा बड़ी संख्या में प्रमुख उपभोक्ता क्षेत्रों के बीच तेल और गैस संरक्षण संदेश का प्रचार-प्रसार किया जाएगा। हर साल, यह समारोह, दिल्ली, सभी राज्यों की राजधानियों, जिलों और कस्बों में आयोजित किए जाते हैं।

इस वर्ष भी, ओजीसीएफ समारोह 16 से 31 जनवरी (2015) नवीन गतिविधियों के साथ सभी भारत वासियों को जोड़ने के उद्देश्य से मनाने के लिए प्रस्तावित किया गया है।

पीसीआरए संरक्षण गतिविधियों के बारे में सुझाव देने के लिए सभी नागरिकों को आमंत्रित करता है।

जिससे बेहतर पहुँच बनाई जा सके और आम उपभोक्ताओं की भागीदारी द्वारा तेल एवं गैस संरक्षण की दिशा में अधिक से अधिक जिम्मेदारी विकसित की जा सके।

आप अपने सुझाव 20 दिसम्बर 2014 तक भेज सकते हैं।

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Pooja Kulkarni
Pooja Kulkarni 11 साल 10 महीने पहले
1.Seminars on current Consumption ratio of oil and natural gas to revenue generation vs environmental degradation 2.Public transport day 3.Science exhibition aware the people 4.R&D on reducing fuel consumption during low speed and stop condition. 5.Recognizing engineering projects for alternatge fuel like air water solar energy/bio fuels/organic fuels 6.City level workshops for awaring the future generation to use resources properly 7.Bicycle race. 8.Paper presentation 9.Tax on overpollution
Akshey Gupta
Akshey Gupta 11 साल 10 महीने पहले
OUR PARTICIPATION IN GOVERNMENT GOVERNANCE: I AM 54 YRS, SON OF A SENIOR EX BUREAUCRAT, WHO RETIRED AS CHAIRMAN FERA BOARD AND MY MOTHER WAS A BAR MEMBER OF THE DELHI HIGH COURT. I HAVE 30 YEARS OF EXPERIENCE IN IMPORTS/EXPORTS. 50% OF ALL IMPORT BY EUROPE, OTHER THAN MILITARY IMPORTS, WILL BE FROM INDIA . FINANCIALLY I WILL INDIVIDUALLY CONTRIBUTE 20% OF GOVERNMENT CONTRIBUTION . PLEASE GET ME A PERSONAL HEARING BY ANY OF THE SENIOR MEMBERS OF M/O COMMERCE. 500 WORDS ARE TOO LESS - SORRY......
Sreenivasa Prasanna
Sreenivasa Prasanna 11 साल 10 महीने पहले
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