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समार्ट सिटी सागर, मध्य प्रदेश

Smart City Sagar, Madhya Pradesh
आरंभ करने की तिथि :
Sep 15, 2015
अंतिम तिथि :
Dec 12, 2015
00:00 AM IST (GMT +5.30 Hrs)
प्रस्तुतियाँ समाप्त हो चुके

भारत सरकार के शहरी विकास मंत्रालय द्वारा स्मार्ट सिटी चेलेंज हेतु ...

भारत सरकार के शहरी विकास मंत्रालय द्वारा स्मार्ट सिटी चेलेंज हेतु सागर नगर का चयन किया गया है| नगर निगम सागर द्वारा इस हेतु स्मार्ट सिटी प्रपोजल (एस.सी.पी.) तैयार किया जा रहा है जिसमे शहर के निवासियों एवं अन्य स्टैक होल्डर के सुझावों को लेते हुए स्मार्ट सिटी सोलुसंस तय किये जायेंगे | नगर निगम सागर, सागर को स्मार्ट सिटी बनाने हेतु सभी शहर वासियों से सुझाव आमंत्रित करता है, शहरवाशी नगर निगम एवं शहर सेवाओ जैसे पर्याप्त जलापूर्ति, सुनिश्चित विद्युत् आपूर्ति, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन सहित सफाई, सक्षम शहरी गतिशीलता और सार्वजानिक परिवहन, विशेषतः गरीवों के लिए किफायती आवास, सक्षम आईटी कनेक्टिविटी और डिजिटलाईजेसन, सुशासन, विशेषतः ई-गवर्नेंस और नागरिक भागीदारी, सुस्थिर पर्यावरण, विशेषतः महिलाओं बच्चों और वृद्ध नागरिको की सुरक्षा, स्वास्थ्य और शिक्षा एवं अन्य के लिए अपने सुझाव पोस्ट कर सकते है| शहरवासी सागर को मॉडल स्मार्ट सिटी बनाने हेतु शहर की समाश्याओ एवं उनमे अपेक्षित सुधार के सम्बन्ध मे अपनी राय दे सकते है|

आप अपने विचार 30 सितंबर, 2015 तक साझा कर सकते हैं।

फिर से कायम कर देना
2308 सबमिशन दिखा रहा है
rupesh thakur_1
rupesh thakur_1 10 साल 8 महीने पहले
sagar as an educational hub must think of coaching students and their safety. Like- 1. Introduction of bicycle lane along side of major roads across the city, 2. Installation of CCTV cameras all over the city especially at tourist spots, along major roads, near coaching area etc. 3. Smart cabs owned by sagar Municipal Corporation itself because you know very well how Auto taxi drivers take advantage of travelling during night.I mean there must be some norms to be followed. 4. Introduce CNG
rupesh thakur_1
rupesh thakur_1 10 साल 8 महीने पहले
5- पानी-- हर बस्ती ओर मोहल्ले मैं साफ स्वछ पानी की वयवस्थता की जाए, एक स्कीम बनाई जय जिसके तहत हर 2000 की आबादी वाले छेत्र मैं एक वॉटर टैंक का निर्माण किया जाए, ओर सारे घरों मैं नल कनैक्शन दिये जाए, इसमे इस बात का ध्यान रखा जाए की नल कनैक्शन का मॉडल इस तरह बनाया जाए ताकि सारे घरों मैं भरपूर पानी जा सके/कोई विवाद भी न हो। ओर साथ ही यह भी कड़ाई से हिदायत दी जाए, बल्कि कनैक्शन के लिए जो फार्म भरा जाता है उसमे यह भी एक शर्त डाल दी जाए की, जो लोग भी रोड पर पानी फेकेंगे, या रोड को गंदा करेंगे या अगर उन
rupesh thakur_1
rupesh thakur_1 10 साल 8 महीने पहले
सीवेज निकासी ओर नालियाँ तक नहीं बनी हैं। अगर कुछ हैं भी तो सब गड़बड़ क्यूंकि ठेकेदार अपनी मर्ज़ी से गलत काम करता है ओर पब्लिक की बात नहीं सुनता लीपापोती कर के अपना माल बनाके निकल जाता है। इस पर भी सरकार को धियान देना होगा की कहीं भी इस तरह का काम हो तो एक कमेटी बने जिसका काम सिर्फ उन कामो का निरीक्षण करना हो जो सरकार द्वारा ठेकेदार से करवाए जा रहे हैं। ताकि काम मैं कोई गड़बड़ न हो सके।