Rajiv Ranjan
3 years 5 months ago
श्रीमान जी जब से आपका मन की बात प्रोग्राम शुरू है मैंने अनेकों बार एक ही मुद्दा उठाया है अपने भारत देश में कबाड़ से जुगाड़
मैंने कई बार बल्कि बार-बार बताने की कोशिश की है अपने देश में कुछ बड़े-बड़े आईआईटी में छात्रों के पुराने साइकल और मोटरसाइकिल कबाड़ के जैसे पड़े रहते हैं अगर कोई ऐसी नीति बने जिसमें उन पुराने साइकिल और मोटरसाइकिलों को हम नए आने वाले बच्चों को दे सके या फिर जैसे बिहार में छात्राओं और छात्रों को साईकिल दी जाती है उन्हें यही साइकिलें बना कर दी जाए तो अपने देश का बहुत सारा पैसा बच सकता है और कबाड़ होती चीजें काम में आ सकते हैं अभी हम इलेक्ट्रिक वेल्स के फेरे में आ रहे हैं और अपनी पेट्रोल डीजल की गाड़ियों को कबाड़ में डाल रहे हैं कोई ऐसी टेक्नोलॉजी का आगाज हो जिसमें उनका बार होती हुई गाड़ियों के बदले में हम उन्हें ही इलेक्ट्रिक में बदल सके।
मगर मुझे दुख के साथ कहना पड़ रहा है लगभग हर मन की बात में 2018 से उठाता रहा हूं लेकिन इस पर आज तक श्रीमान का ध्यान नहीं गया क्या ध्यान देना ही नहीं चाहते।
मैं भी इसी देश का नागरिक हूं। आपसे हम लोगों की सी आशाएं हैं। कृपया ध्यान दें
Like
(5)
Dislike
(1)
Reply
Report Spam